—– स्वच्छ सर्वेक्षण से पहले तेज हुई तैयारी, लापरवाही पर कंपनियों पर लगेगी पेनाल्टी
—– समीक्षा बैठक में नगर आयुक्त ने कार्यदाई संस्थाओं को दिया अल्टीमेटम
—– जलभराव वाले चिन्हित स्थानों का एस्टीमेट तैयार करें अभियंता
आगरा। स्वच्छ सर्वेक्षण को लेकर नगर निगम प्रशासन पूरी तरह अलर्ट मोड में आ गया है। इसी क्रम में नगर आयुक्त अंकित खंडेलवाल ने टेलीफोन केबिल डालने के लिए शहरभर में खोदी गई सड़कों और फुटपाथों को लेकर कड़ा रुख अपनाया है। उन्होंने कार्यदाई संस्थाओं को स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि सभी क्षतिग्रस्त मार्गों को दो दिन के भीतर हर हाल में दुरुस्त कराया जाए।
नगर आयुक्त शनिवार को निर्माण विभाग के अभियंताओं की बैठक को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि स्वच्छ सर्वेक्षण के तहत नागरिक फीडबैक की प्रक्रिया शुरू हो चुकी है, जो 10 मई तक चलेगी। इसके बाद किसी भी समय भारत सरकार की टीम सर्वेक्षण के लिए शहर में आ सकती है, इसलिए सभी निर्माण कार्य तय समय सीमा में पूरे किए जाएं।
बैठक में विशेष रूप से एयरटेल कंपनी द्वारा केबिल डालने के लिए कराई गई खुदाई का मुद्दा उठाया गया। नगर आयुक्त ने निर्देश दिए कि जहां-जहां सड़क और फुटपाथ खोदे गए हैं, वहां तत्काल मरम्मत कराई जाए। साथ ही, कार्य पूर्ण होने के बाद कंपनी से फोटो मंगवाकर स्थलीय सत्यापन कराया जाए। यदि कार्य में किसी प्रकार की गड़बड़ी पाई जाती है, तो संबंधित कंपनी के खिलाफ पेनाल्टी लगाने की कार्रवाई की जाएगी।
इसके अलावा, नगर आयुक्त ने बरसात से पहले जलभराव की समस्या को गंभीरता से लेते हुए सभी चिन्हित स्थानों पर करायें जाने वाले कार्य का एस्टीमेट तैयार करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि समय रहते आवश्यक कार्य पूरे कर लिए जाएं ताकि बारिश के दौरान शहरवासियों को जलभराव की समस्या का सामना न करना पड़े।
बैठक में कार्यवाहक मुख्य अभियंता अरविंद श्रीवास्तव सहित सभी सहायक अभियंता और अवर अभियंता उपस्थित रहे। प्रशासन की इस सख्ती से शहर में निर्माण कार्यों की गुणवत्ता और गति में सुधार की उम्मीद जताई जा रही है।


