strong>—- 17 अक्टूबर तक चलेगा अभियान, पार्कों से यमुना घाटों तक विशेष सफाई; जनभागीदारी बढ़ाने पर जोर
—- जगह जगह ली गई स्वच्छता की शपथ
आगरा। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के जन्मदिन और ‘स्वच्छता ही सेवा 2026’ अभियान के आगाज के साथ गुरुवार को शहर के विभिन्न हिस्सों में विशेष सफाई अभियान चलाया गया। नगर निगम प्रशासन की ओर से पार्कों, यमुना घाटों, प्रमुख मार्गों और सार्वजनिक स्थलों पर सफाई कराई गई। अभियान में महापौर हेमलता दिवाकर, नगर आयुक्त संतोष वैश्य समेत नगर निगम के अधिकारी, कर्मचारी और पार्षद शामिल हुए। अधिकारियों ने खुद सफाई अभियान में हिस्सा लेकर लोगों को स्वच्छता का संदेश दिया।
—- करकुंज रोड पर महापौर-नगर आयुक्त ने संभाली कमान
लोहामंडी जोन में अभियान के तहत सिकंदरा से कारगिल चौराहे तक विशेष सफाई अभियान चलाया गया। महापौर हेमलता दिवाकर और नगर आयुक्त संतोष वैश्य ने करकुंज रोड पर सफाई अभियान में भाग लिया और मौके पर सफाई व्यवस्था का निरीक्षण किया। इस दौरान सड़क किनारे और सार्वजनिक स्थानों से कूड़ा-कचरा हटाया गया।
महापौर और नगर आयुक्त ने लोगों से अपील की कि वे सार्वजनिक स्थानों पर कूड़ा न फेंकें और अपने आसपास स्वच्छता बनाए रखने में नगर निगम का सहयोग करें।
—– हाथी घाट और दशहरा घाट पर भी चला अभियान
अपर नगर आयुक्त शिशिर कुमार और सहायक नगर आयुक्त अशोक प्रिय गौतम ने हाथी घाट और दशहरा घाट पर आयोजित स्वच्छता कार्यक्रम में सहभागिता की। घाटों पर सफाई कर कूड़ा हटाया गया और लोगों को यमुना घाटों को स्वच्छ रखने के लिए जागरूक करते हुए स्वच्छता की शपथ दिलाई गई।
—– स्थानीय लोगों ने भी बढ़ाया हाथ
अभियान में स्थानीय रहवासियों ने भी उत्साह के साथ भाग लिया। नगर निगम की ओर से आमजन को स्वच्छता अभियान से जोड़ते हुए जनभागीदारी का संदेश दिया गया।
नगर निगम अधिकारियों के अनुसार, ‘स्वच्छता ही सेवा 2026’ अभियान 17 सितंबर से 17 अक्टूबर तक चलेगा। इस दौरान शहर के अलग-अलग क्षेत्रों में सफाई अभियान के साथ स्वच्छता जागरूकता और जनभागीदारी से जुड़ी विभिन्न गतिविधियां आयोजित की जाएंगी।
अभियान के माध्यम से नगर निगम का जोर शहर के सार्वजनिक स्थलों को साफ रखने के साथ नागरिकों में स्वच्छता को लेकर जिम्मेदारी की भावना विकसित करने पर है। अधिकारियों ने कहा कि शहर को स्वच्छ रखने की जिम्मेदारी केवल नगर निगम की नहीं, बल्कि प्रत्येक नागरिक की भी है। जनसहयोग से ही स्वच्छता अभियान को स्थायी रूप से प्रभावी बनाया जा सकता है।


