भारतीय रेलवे देश के युवाओं को रोजगार के व्यापक अवसर उपलब्ध कराने के लिए मिशन मोड में भर्ती अभियान संचालित कर रहा है। वर्ष 2014 से 30 जून 2026 तक भारतीय रेलवे में 5.56 लाख से अधिक नियुक्तियां की जा चुकी हैं, जबकि वर्ष 2004-05 से 2013-14 के दौरान यह संख्या 4.11 लाख थी।
रेल मंत्रालय द्वारा भर्ती प्रक्रिया को अधिक पारदर्शी, समयबद्ध एवं अभ्यर्थी-अनुकूल बनाने के उद्देश्य से वर्ष 2024 से वार्षिक भर्ती कैलेंडर (Annual Recruitment Calendar) लागू किया गया है। इससे अभ्यर्थियों को प्रत्येक वर्ष नियमित भर्ती के अवसर, परीक्षा कार्यक्रम की निश्चितता तथा नियुक्ति प्रक्रिया में तेजी का लाभ मिल रहा है।
वर्तमान में रेलवे में 1,61,889 गैर-राजपत्रित पदों पर भर्ती प्रक्रिया विभिन्न चरणों में प्रगति पर है। इनमें वर्ष 2024, 2025 एवं 2026 के वार्षिक भर्ती कैलेंडर के अंतर्गत सहायक लोको पायलट (ALP), तकनीशियन, जूनियर इंजीनियर, डिपो मैटेरियल सुपरिंटेंडेंट, केमिकल एवं मेटलर्जिकल असिस्टेंट, पैरामेडिकल, नॉन-टेक्निकल पॉपुलर कैटेगरी (स्नातक एवं स्नातक-पूर्व), लेवल-1, सेक्शन कंट्रोलर, आरपीएफ तथा अन्य विभिन्न पद शामिल हैं।
रेल मंत्रालय ने भर्ती परीक्षाओं को देशभर के अभ्यर्थियों के लिए अधिक सुलभ बनाने हेतु 150 से अधिक शहरों में 15 भारतीय भाषाओं में कंप्यूटर आधारित परीक्षाएं (CBT) आयोजित की हैं। वर्ष 2024 एवं 2025 की भर्ती प्रक्रिया के दौरान विभिन्न चरणों की कंप्यूटर आधारित परीक्षाओं में लगभग 4.5 करोड़ अभ्यर्थियों ने भाग लिया, जो भारतीय रेलवे की अब तक की सबसे व्यापक एवं पारदर्शी भर्ती प्रक्रियाओं में से एक है।
वर्ष 2026-27 (30 जून 2026 तक) के दौरान तकनीशियन, जूनियर इंजीनियर, पैरामेडिकल, मंत्रीस्तरीय एवं पृथक श्रेणी तथा सहायक लोको पायलट सहित विभिन्न पदों पर 3,300 से अधिक अभ्यर्थियों के चयन पैनल भी अंतिम रूप दिए जा चुके हैं, जिनमें अधिकांश पद सुरक्षा श्रेणी से संबंधित हैं।
रेल मंत्री, सूचना एवं प्रसारण तथा इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री श्री अश्विनी वैष्णव ने लोकसभा में एक प्रश्न के लिखित उत्तर में यह जानकारी देते हुए कहा कि भारतीय रेलवे में रिक्तियों को परिचालन आवश्यकताओं, नई तकनीक तथा भविष्य की जरूरतों के अनुरूप नियमित रूप से भरा जा रहा है। रेलवे भर्ती बोर्ड (RRB) द्वारा अत्याधुनिक एवं पूर्णतः पारदर्शी प्रणाली के माध्यम से भर्ती परीक्षाओं का सफल संचालन किया जा रहा है।


