आगरा। जिलाधिकारी मनीष बंसल ने 7 अधिकारियों का वेतन रोका । कहा कि जब तक जांच रिपोर्ट नहीं दोगे, तब तक वेतन नहीं मिलेगा । इस संबंध में किसान नेता श्याम सिंह चाहर ने लिखित शिकायत की थी। इस शिकायत पर ही टी०ए०सी० कमेटी के स्तर से जाँच आख्या प्राप्त नही होने के कारण जिलाधिकारी आगरा के कार्यालय द्वारा अधिशाषी अभियन्ता, निर्माण खण्ड लो०नि०वि० आगरा, अधिशासी अभियन्ता, सिंचाई आगरा, सहायक अभियन्ता, पी०एम०जी०एस०वाई० आगरा, अधिशाषी अभियन्ता, प्रान्तीय खण्ड लो०नि०वि० आगरा, अधिशाषी अभियन्ता, जल निगम ग्रामीण आगरा, तथा सहायक अभियन्ता, भवन लो०नि०वि० आगरा का वेतन अग्रिम आदेशों तक रोकते हुए आत्मनिर्भर भारत योजनान्तर्गत जनपद आगरा में चयनित समितियों के 21 गोदामों के गुणवत्ता का मूल्यांकन कर आख्या अविलम्ब उपलब्ध कराने के निर्देश दिये गये है।
किसान नेता श्याम सिंह चाहर ने आरोप लगाते हुए कहा, सहकारी समितियों पर गोदाम बनाने को यूपी सरकार ने करोड़ों रुपए दिये थे लेकिन गोदाम बने ही नहीं। ताज सिटी आलू उत्पादक समिति के प्रदेश सचिव लक्ष्मी नारायण बघेल ने आरोप लगाते हुए कहा कि जांच के अधिकारियों ने सुविधा शुल्क लिया तो क्यों करे जांच , अब जांच अधिकारी खुद फंसे हैं। आलू उत्पादक किसान नेता लाखन सिंह त्यागी ने अधिकारियों पर आरोप लगाया कि विभाग के दोषी अधिकारियों ने जॉच अधिकारियों को ही फंसा दिया । उन्होंने कहा कि कॉपरेटिव समितियों के गोदामों के घोटाले के दोषियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज होना चाहिए।


