आगरा, 18 जुलाई। हाकी कोच एवं पूर्व क्रीड़ाधिकारी कौशलेंद्रपाल सिंह का निधन बीती रात बरेली में हो गया। उनकी आयु 63 साल के लगभग बतायी जा रही है। उनके शव को आज आगरा लाया जा रहा है। वे फिरोजाबाद जिला क्रीड़ाधिकारी के पद से सेवानिवृत हुए थे। इसके पश्चात आगरा में ही रह रहे थे। ब्रेन हेमरेज होने के पश्चात वे इस बीमारी से उबर ही नहीं पाये। परिजन उन्हें आगरा से बरेली ले गये थे। वहीं उपचार चल रहा था। श्री कौशलेंद्र सिंह के पिताजी हेतमपाल सिंह आरबीएस इंटर कालेज में शिक्षक थे। उन्होंने अपने पीछे धर्मपत्नी और बेटी को छोड़ा है। उनके बड़ा भाई धर्मेंद्र पाल सिंह मुन्ना आगरा में ही निवास करते हैं।
श्री कौशलेंद्र सिंह हाकी के अच्छे खिलाड़ी और कोच रहे। उनके ट्रेनी भारतीय हाकी टीम तक पहुंचे थे। उन्होंने अपनी शिक्षा आरबीएस कालेज से प्राप्त की थी। एमपीएड करने के पश्चात आगरा विश्वविद्यालय में बीपीएड की लेक्चरर के रूप में कुछ समय कार्य किया। उसके पश्चात उत्तर प्रदेश के खेल विभाग में उपक्रीड़ाधिकारी के पद पर ज्वाइन किया। वहां जिला क्रीड़ाधिकारी के पद से से रिटायर हुए। कौशलेंद्र सिंह जब यूपी सब- जूनियर हाकी टीम के कोच थे तो यूपी की टीम ने सब- जूनियर नेशनल में पहली बार स्वर्ण पदक जीता था।
उनके निधन पर आगरा के हाकी प्रेमियों में शोक की लहर व्याप्त है। उनके निधन पर ओलंपियन जगबीर सिंह, हाकी कोच अमिताभ गौतम, आगरा हाकी सचिव संजय गौतम, अमरजीत सिंह, मास्टर्स हाकी के अध्यक्ष राजीव सोई, धर्मेंद्र बघेल, गोपाल शर्मा, शैलेश सिंह (इफ्को) , संजय नेहरू, केपी सिंह, पूर्व क्रीड़ाधिकारी एस एस चौहान, मोहित कपूर, उमेश शर्मा, डा.जयशंकर यादव, बल्देव भटनागर, रामानंद चौहान, डीके सिंह, विवेकवीर सिंह,डा. चंद्रशेखर शर्मा, सतपाल सिंह, डा. बीपी सिंह, आरएसओ संजय शर्मा, मुकेश अग्रवाल, क्रीड़ाधिकारी अरविंद यादव,राममिलन, पूर्व आरएसओ अजय सेठी, हरदीप सिंह हीरा,पूर्व क्रीड़ाधिकारी रानी प्रकाश , तेज शू के मालिक टानी भाई, क्रीड़ाधिकारी राहुल चौपड़ा, के एन शर्मा उपनिदेशक साई , मनोज मुद्गल आदि ने गहरा शोक जताया है।


