
अप्रैल से अगस्त 2026 तक 254.64 लाख रुपये का गैर-किराया राजस्व अर्जित, पिछले वर्ष की समान अवधि से 33.78 प्रतिशत अधिक
आगरा मंडल द्वारा यात्री सुविधाओं को बढ़ावा देने के साथ-साथ राजस्व सृजन की दिशा में भी निरंतर कार्य किया जा रहा है।आगरा मंडल ने रेलवे परिसंपत्तियों के बेहतर व्यावसायिक उपयोग एवं गैर-किराया राजस्व को बढ़ावा देने की दिशा में उल्लेखनीय उपलब्धि हासिल की है। यह उपलब्धि मंडल रेल प्रबंधक, आगरा श्री गगन गोयल व अपर मंडल रेल प्रबंधक आगरा श्री गिरीश कुमार गुप्ता के मार्गदर्शन एवं वरिष्ठ मंडल वाणिज्य प्रबंधक श्री अंकित गुप्ता के निर्देशन में मंडल द्वारा गैर-किराया राजस्व बढ़ाने के लिए किए जा रहे निरंतर प्रयासों का परिणाम है।
अप्रैल से अगस्त 2026 की अवधि में आगरा मंडल द्वारा 254.64 लाख रुपये का गैर-किराया राजस्व अर्जित किया गया, जो पिछले वित्तीय वर्ष की इसी अवधि में अर्जित 190.34 लाख रुपये की तुलना में 33.78 प्रतिशत अधिक है।
इस अवधि के दौरान मंडल द्वारा विभिन्न रेलवे परिसंपत्तियों एवं व्यावसायिक गतिविधियों के ई-नीलामी एवं अनुबंध के माध्यम से राजस्व सृजन किया गया। इनमें मथुरा जंक्शन पर बहुउद्देशीय वाणिज्यिक परिसर का अनुबंध प्रमुख उपलब्धियों में शामिल है। यह अनुबंध 82 लाख रुपये प्रति वर्ष के अनुज्ञप्ति शुल्क पर प्रदान किया गया है। इसकी कुल अनुबंधित राशि लगभग 8.20 करोड़ रुपये तथा अनुबंध की अवधि 10 वर्ष है।
विज्ञापन एवं व्यावसायिक प्रचार के क्षेत्र में भी मंडल को महत्वपूर्ण सफलता मिली है। मथुरा जंक्शन पर एलईडी फ्लैन्ज के माध्यम से वाणिज्यिक प्रचार का अनुबंध 17.11 लाख रुपये प्रति वर्ष तथा 88.97 लाख रुपये की कुल अनुबंधित राशि पर किया गया है। इसी प्रकार आगरा कैंट स्टेशन के स्वचालित सीढ़ी एवं पैदल ऊपरी पुल क्षेत्र में विनाइल आवरण, बोर्ड एवं रंगाई के माध्यम से वाणिज्यिक प्रचार का अनुबंध 14.86 लाख रुपये प्रति वर्ष तथा 77.27 लाख रुपये की कुल अनुबंधित राशि पर प्रदान किया गया है।
इसके अतिरिक्त वंदे भारत एक्सप्रेस रेलगाड़ी संख्या 20175/76 में भोजन परोसने वाली ट्रे एवं Headrest Covers के आवरण पर विज्ञापन का अनुबंध 17.60 लाख रुपये प्रति वर्ष तथा 87.90 लाख रुपये की कुल अनुबंधित राशि पर किया गया है। वहीं आगरा कैंट स्टेशन पर बैटरी चालित कार का अनुबंध 8.35 लाख रुपये प्रति वर्ष तथा 29.55 लाख रुपये की कुल अनुबंधित राशि पर किया गया है।
इसी क्रम में मथुरा, ईदगाह, कोसीकलां एवं धौलपुर स्टेशनों पर जल विक्रय मशीनों के ठेके आवंटित किए गए हैं। इसके अतिरिक्त विभिन्न अन्य व्यावसायिक गतिविधियों एवं रेलवे परिसंपत्तियों के प्रभावी उपयोग के माध्यम से भी गैर-किराया राजस्व बढ़ाने के लिए निरंतर प्रयास किए जा रहे हैं।
इसके अतिरिक्त सितंबर के महीने में आगरा कैंट, मथुरा जंक्शन एवं ईदगाह स्टेशनों पर Food Van का अनुबंध ₹2.30 करोड़ प्रति वर्ष की दर से प्रदान किया गया है, जिसका कुल अनुबंध मूल्य ₹12.16 करोड़ तथा अवधि 5 वर्ष है।
यह अनुबंध मंडल की प्रमुख व्यावसायिक उपलब्धियों में शामिल है और स्टेशनों पर यात्रियों के लिए खान – पान संबंधी सुविधाओं के विस्तार के साथ-साथ NFR सृजन में योगदान देगा। इन पहलों का उद्देश्य रेलवे परिसंपत्तियों का अधिकतम एवं व्यवस्थित व्यावसायिक उपयोग, यात्रियों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराना, स्टेशन परिसरों में व्यावसायिक गतिविधियों को बढ़ावा देना तथा भारतीय रेल के लिए सतत गैर-किराया राजस्व का सृजन करना है।


