
स्वच्छ एवं सुरक्षित पेयजल उपलब्ध कराने के लिए गुणवत्ता जांच और नियमित निगरानी जारी
आगरा। यात्रियों एवं रेलवे कर्मचारियों को स्वच्छ, सुरक्षित एवं शुद्ध पेयजल उपलब्ध कराने के उद्देश्य से आगरा मंडल द्वारा पेयजल की गुणवत्ता की नियमित जांच एवं निगरानी की जा रही है। इसके अंतर्गत स्वास्थ्य निरीक्षकों द्वारा पेयजल बूथों, प्लेटफार्मों, वाटर कूलरों तथा आरओ सिस्टम का लगातार निरीक्षण किया जा रहा है।
जल गुणवत्ता की जांच के दौरान पाई जाने वाली कमियों को आवश्यक सुधारात्मक कार्रवाई के लिए संबंधित इंजीनियरिंग एवं इलेक्ट्रिकल विभागों को भेजा जाता है। प्रमुख स्टेशनों पर मासिक आधार पर तथा अन्य स्टेशनों पर प्रत्येक छह माह में बैक्टीरियोलॉजिकल परीक्षण भी कराया जाता है।
पेयजल व्यवस्था को और बेहतर बनाने के लिए आगरा मंडल में 20 अगस्त 2026 से विशेष सफाई एवं कीटाणुशोधन अभियान चलाया जा रहा है। इस अभियान के अंतर्गत मंडल में स्थित कुल 2,934 ओवरहेड, भूमिगत एवं पीवीसी पानी की टंकियों की सफाई एवं कीटाणुशोधन का लक्ष्य निर्धारित किया गया था। दिनांक 15 अक्टूबर 2026 तक सभी 2,934 टंकियों की सफाई का कार्य पूरा कर लिया गया है। इस प्रकार निर्धारित लक्ष्य का 100 प्रतिशत हासिल किया गया है।
क्षेत्रवार विवरण के अनुसार, मथुरा क्षेत्र में 938, धौलपुर क्षेत्र में 336 तथा आगरा क्षेत्र में 1,360 पानी की टंकियों की सफाई का कार्य किया गया है।
आगरा मंडल द्वारा पेयजल की नियमित गुणवत्ता जांच, पेयजल सुविधाओं के निरीक्षण तथा पानी की टंकियों की सफाई एवं कीटाणुशोधन के माध्यम से यात्रियों एवं रेलवे कर्मचारियों को स्वच्छ, सुरक्षित एवं गुणवत्तापूर्ण पेयजल उपलब्ध कराने के लिए निरंतर प्रयास किए जा रहे हैं।


