
—- कांवड़ यात्रा से पहले परिक्रमा पथ होगा सुगम, नगर निगम ने युद्धस्तर पर शुरू कराया सुधार कार्य
आगरा। श्रावण मास में के दूसरे सोमवार को शहर में लगने वाली परिक्रमा को लेकर नगर निगम ने तैयारियां तेज कर दी हैं। अपर नगर आयुक्त शिशिर कुमार ने बताया कि कैलाश वनखंडी क्षेत्र में कई किलोमीटर लंबा परिक्रमा मार्ग कच्चा एवं जंगली क्षेत्र से होकर गुजरता है। बरसात के कारण यह मार्ग ऊबड़-खाबड़ होने के कारण श्रद्धालुओं और कांवड़ियों को आवागमन में कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है। इसे देखते हुए नगर निगम द्वारा पूरे कच्चे मार्ग पर ड्रेसिंग एवं समतलीकरण का कार्य युद्धस्तर पर कराया जा रहा है।
उन्होंने बताया कि परिक्रमा मार्ग को सुरक्षित, समतल और सुगम बनाने के लिए संबंधित विभागों की टीमों को मौके पर लगाया गया है। जहां-जहां मार्ग पर गड्ढे, ऊंच-नीच अथवा अवरोध हैं, वहां मिट्टी भराई कर ड्रेसिंग की जा रही है, ताकि बड़ी संख्या में आने वाले श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े। इसके साथ ही मार्ग की साफ-सफाई, झाड़ियों की कटाई और आवश्यक स्थानों पर अन्य व्यवस्थाएं भी सुनिश्चित की जा रही हैं।
अपर नगर आयुक्त ने बताया कि नगर निगम का प्रयास है कि कांवड़ यात्रा और परिक्रमा शुरू होने से पहले समूचा मार्ग पूरी तरह व्यवस्थित कर दिया जाए। सभी संबंधित अधिकारियों को नियमित रूप से कार्यों की निगरानी करने और गुणवत्ता के साथ समयबद्ध तरीके से कार्य पूरा करने के निर्देश दिए गए हैं।
उन्होंने बताया कि शनिवार को नगर आयुक्त संतोष कुमार वैश्य ने स्वयं परिक्रमा मार्ग, कैलाश मंदिर, बल्केश्वर मंदिर सहित प्रमुख शिवालयों का स्थलीय निरीक्षण किया था। निरीक्षण के दौरान उन्होंने कांवड़ यात्रा एवं परिक्रमा मार्ग पर साफ-सफाई, सड़क सुधार, प्रकाश व्यवस्था और श्रद्धालुओं की सुविधाओं से जुड़े सभी कार्य प्राथमिकता के आधार पर पूर्ण करने के निर्देश दिए थे। नगर आयुक्त के निर्देशों के बाद नगर निगम की टीमों ने विभिन्न स्थानों पर सुधार कार्यों की गति और तेज कर दी है।
— नगर आयुक्त संतोष कुमार वैश्य का वर्जन:
“श्रावण मास में लाखों श्रद्धालु कैलाश मंदिर एवं अन्य शिवालयों में दर्शन के लिए आते हैं। श्रद्धालुओं की सुरक्षा और सुविधा हमारी सर्वोच्च प्राथमिकता है। परिक्रमा मार्ग के कच्चे हिस्सों की ड्रेसिंग, साफ-सफाई एवं अन्य आवश्यक व्यवस्थाएं समयबद्ध ढंग से कराई जा रही हैं। अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि कांवड़ यात्रा प्रारंभ होने से पहले सभी व्यवस्थाएं पूरी तरह दुरुस्त कर ली जाएं, ताकि श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा न हो।”


