नगर निगम के 5R सेंटर पर मिलेंगे किफायती बैग
पॉलीथिन का विकल्प तैयार कर रहीं स्वयं सहायता समूहों की महिलाएं
आगरा। स्वच्छता की मुहिम को महिला सशक्तिकरण और स्वरोजगार से जोड़ते हुए नगर निगम ने अनूठी पहल की है। स्वच्छता ही सेवा-2026 अभियान के तहत नगर निगम के स्वयं सहायता समूहों से जुड़ी महिलाएं कपड़े के आकर्षक और उपयोगी थैले तैयार कर रही हैं। इन थैलों के जरिये जहां सिंगल यूज प्लास्टिक और पॉलीथिन के इस्तेमाल को कम करने का प्रयास किया जा रहा है, वहीं महिलाओं को अपनी कला और हुनर के माध्यम से आत्मनिर्भर बनने का अवसर भी मिल रहा है।
नगर निगम की इस पहल का उद्देश्य पर्यावरण के अनुकूल विकल्पों को बढ़ावा देने के साथ महिलाओं के लिए आजीविका के नए अवसर तैयार करना है। स्वयं सहायता समूहों की महिलाएं कपड़े के थैले बनाकर अपनी रचनात्मकता को रोजगार से जोड़ रही हैं। इन थैलों का इस्तेमाल कर नागरिक भी प्लास्टिक के विकल्प को अपनाने और शहर को स्वच्छ रखने में अपनी भागीदारी निभा सकते हैं।
—- पांच आर के सिद्धांतों से किया जा रहा जागरूक
इस संबंध में जानकारी देते हुए सहायक नगरआयुक्त अशोक प्रिय गौतम ने बताया कि अभियान के तहत स्वयं सहायता समूहों की महिलाओं द्वारा नागरिकों को स्वच्छता के प्रति जागरूक करने के साथ ही पांच आर (5R) के सिद्धांतों को दैनिक जीवन में अपनाने के लिए प्रेरित किया जा रहा है। इनमें रिफ्यूज यानी अनावश्यक वस्तुओं को लेने से इनकार करना, रिड्यूस यानी वस्तुओं का इस्तेमाल कम करना, रीयूज यानी दोबारा उपयोग करना, रिपरपज यानी पुरानी वस्तुओं को नए उद्देश्य के लिए इस्तेमाल करना और रीसाइकिल यानी पुनर्चक्रण करना शामिल है।
इन सिद्धांतों के माध्यम से लोगों को संसाधनों का विवेकपूर्ण उपयोग करने, कचरे की मात्रा घटाने और पर्यावरण के प्रति जिम्मेदार व्यवहार अपनाने का संदेश दिया जा रहा है। अभियान का मकसद केवल सफाई तक सीमित नहीं है, बल्कि लोगों की आदतों में बदलाव लाकर स्वच्छता को दैनिक जीवन का हिस्सा बनाना भी है।
—- 5R सेंटर पर मिलेंगे किफायती थैले
नगर निगम आगरा के 5R सेंटर पर स्वयं सहायता समूहों की महिलाओं द्वारा तैयार किए गए कपड़े के थैले किफायती कीमतों पर उपलब्ध कराए जा रहे हैं। नागरिक इन थैलों को अपनाकर पॉलीथिन पर निर्भरता कम करने के साथ महिला स्वावलंबन को भी प्रोत्साहित कर सकते हैं।
नगर निगम की यह पहल पर्यावरण संरक्षण, कचरा प्रबंधन और महिला सशक्तिकरण को एक साथ आगे बढ़ाने का प्रयास है। कपड़े के थैलों के इस्तेमाल को प्रोत्साहन मिलने से प्लास्टिक कचरे में कमी लाने और स्वच्छ एवं हरित आगरा के लक्ष्य को मजबूती देने में मदद मिल सकती है।


