आगरा। कई वर्षों से किराया जमा न करने वाले दुकानदारों के खिलाफ नगर निगम प्रशासन ने सख्त रुख अपनाते हुए शुक्रवार को कोतवाली वार्ड स्थित चासोर मार्केट में बड़ी कार्रवाई की। अभियान के दौरान दो दुकानों पर ताला जड़ दिया गया, जबकि तीन दुकानदारों ने सीलिंग की कार्रवाई के डर से मौके पर ही आंशिक किराया जमा कर दिया और कार्रवाई से बच गए।
नगर आयुक्त अंकित खंडेलवाल द्वारा बकायेदारों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं। इन्हीं निर्देशों के क्रम में सहायक नगर आयुक्त श्रद्धा पांडेय के आदेश पर राजस्व निरीक्षक शालिनी सिंह के नेतृत्व में यह अभियान चलाया गया। कार्रवाई के दौरान राजस्व विभाग की टीम और प्रवर्तन दल मौके पर मौजूद रहा। चासोर मार्केट में नगर निगम की कुल 22 दुकानें किराये पर आवंटित हैं। इनमें से कई दुकानदार लंबे समय से किराया जमा नहीं कर रहे थे। राजस्व निरीक्षक वैभव यादव ने जानकारी देते हुए बताया कि दुकान नंबर 10 नदीम के नाम आवंटित है, जिस पर 3,30,634 रुपये किराया बकाया है। वहीं दुकान नंबर 17 गुलाब चंद्र के नाम आवंटित है, जिन पर 1,80,413 रुपये किराया शेष था। कई बार नोटिस जारी करने और चेतावनी देने के बावजूद भुगतान न होने पर दोनों दुकानों को सील कर ताला जड़ दिया गया।
इसके अतिरिक्त दुकान नंबर सात पर काबिज हाजी मोहम्मद मुबीन कुरैशी पर 1,75,086 रुपये, दुकान नंबर 3 के किरायेदार मोहम्मद इरशाद पर 29,537 रुपये तथा दुकान नंबर 5 के किरायेदार मोहम्मद नावेद पर 1,32,151 रुपये किराया बकाया था। इन तीनों दुकानदारों ने कार्रवाई के दौरान मौके पर ही किराया जमा कर दिया, जिसके बाद फिलहाल सीलिंग की कार्रवाई रोक दी गई। हाजी मोहम्मद मुवीन कुरैशी ने पूरा जबकि अन्य दो दुकानदारों ने आंशिक किराया जमा कर अपने को कार्रवाई से बचा लिया। नगर निगम प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि शेष बकाया राशि निर्धारित समय सीमा में जमा न करने पर संबंधित दुकानों के खिलाफ पुनः सख्त कार्रवाई की जाएगी। नगर आयुक्त ने सभी बकायेदारों को चेतावनी दी है कि किराया समय से जमा करें, अन्यथा सीलिंग और अन्य वैधानिक कार्रवाई जारी रहेगी।
इस कार्रवाई से बाजार के अन्य दुकानदारों में हड़कंप की स्थिति रही। निगम अधिकारियों का कहना है कि राजस्व वसूली अभियान आगे भी निरंतर जारी रहेगा और बकायेदारों के खिलाफ चरणबद्ध तरीके से कार्रवाई की जाएगी।


