गोरखपुर: मासूम छात्राओं को अश्लील वीडियो दिखाने वाला शिक्षक गिरफ्तार, पुलिस की कार्यप्रणाली पर भी उठे सवाल
गोरखपुर। उत्तर प्रदेश के गोरखपुर जिले के बेलघाट थाना क्षेत्र से गुरु-शिष्य के पवित्र रिश्ते को शर्मसार करने वाली घटना सामने आई है। एक सरकारी विद्यालय के 56 वर्षीय शिक्षक पर तीन नाबालिग छात्राओं ने अश्लील वीडियो दिखाने और उनके साथ गंदी हरकतें (बैड टच) करने का गंभीर आरोप लगाया है। काफी टालमटोल के बाद, उच्चाधिकारियों के हस्तक्षेप पर पुलिस ने आरोपी शिक्षक को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है।
अंधेरे कमरे में बुलाकर दिखाता था गंदे वीडियो
मामला करीब एक सप्ताह पुराना बताया जा रहा है। थाना क्षेत्र के एक गांव की रहने वाली और कक्षा 4 व 5 में पढ़ने वाली तीन छात्राओं ने अपने परिजनों को आपबीती सुनाते हुए बताया कि स्कूल का शिक्षक पिछले कई दिनों से उन्हें बहला-फुसलाकर अपने पास बुलाता था। आरोप है कि शिक्षक अपने मोबाइल में उन्हें अश्लील फोटो और वीडियो दिखाता था और उनके साथ अश्लील हरकतें करता था। किसी को बताने पर शिक्षक उन्हें डांटकर और अंजाम भुगतने की धमकी देकर चुप करा देता था।
पुलिस पर लगा सुलह कराने का आरोप
पीड़ित परिवार का आरोप है कि घटना की जानकारी मिलने पर जब वे शिकायत लेकर बेलघाट थाने पहुंचे, तो पुलिस का रवैया बेहद निराशाजनक रहा। परिजनों के अनुसार, पुलिस ने आरोपी शिक्षक को हिरासत में तो लिया, लेकिन बिना एफआईआर दर्ज किए ही उसे छोड़ दिया। आरोप है कि स्थानीय पुलिस और कुछ अधिकारी मामले को दबाने और पीड़ित परिवार पर सुलह करने का दबाव बना रहे थे। जब यह मामला आलाकमान तक पहुंचा, तब जाकर एक सप्ताह बाद केस दर्ज हुआ और आरोपी शिक्षक की गिरफ्तारी हुई।
जांच में नया मोड़: यू-ट्यूबरों ने की ब्लैकमेलिंग
इस संवेदनशील मामले की जांच के दौरान एक नया और चौंकाने वाला पहलू सामने आया है। पुलिस के मुताबिक, क्षेत्र के दो स्थानीय यू-ट्यूबरों ने छात्राओं की आपबीती का वीडियो रिकॉर्ड कर लिया था। आरोप है कि इन यू-ट्यूबरों ने न्याय दिलाने में मदद करने के बजाय, उस वीडियो के आधार पर आरोपी शिक्षक को ब्लैकमेल करना शुरू कर दिया। बदनामी के डर से शिक्षक ने उन्हें कुछ रकम भी दी, लेकिन उनकी मांगें बढ़ती गईं। पुलिस अब इन दोनों यू-ट्यूबरों के खिलाफ भी जबरन वसूली और आईटी एक्ट के तहत कार्रवाई करने की तैयारी कर रही है।
अधिकारियों का पक्ष
एसपी दक्षिणी दिनेश कुमार पुरी ने बताया कि छात्राओं के बयान दर्ज कर लिए गए हैं और आरोपी शिक्षक के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर उसे जेल भेज दिया गया है। उन्होंने स्पष्ट किया कि जांच का दायरा बढ़ाया गया है और ब्लैकमेलिंग करने वाले यू-ट्यूबरों पर भी कड़ी नजर रखी जा रही है। साक्ष्य मिलते ही उनके खिलाफ भी सख्त कार्रवाई की जाएगी।
