यूपी में नया बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष चुनने के लिए मैराथन मंथन, ब्राह्मण, OBC और दलित के नामों पर चर्चा

Politics

उत्तर प्रदेश में बीजेपी की ओर से अगले प्रदेश अध्यक्ष की घोषणा नहीं की गई है। इसी कारण अगले प्रदेश अध्यक्ष को लेकर चर्चाएं तेज हैं। 2024 के लोकसभा चुनाव के बाद ही बीजेपी के मौजूदा प्रदेश अध्यक्ष भूपेंद्र सिंह चौधरी ने पद छोड़ने की इच्छा जाहिर की थी।

OBC वर्ग से हो सकता है नया बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष

पार्टी सूत्रों की माने तो उत्तर प्रदेश भाजपा अध्यक्ष की नियुक्ति की तैयारी पूरी हो चुकी है और अब कभी भी घोषणा की जा सकती है। संभावित उम्मीदवारों को लेकर अटकलें लगाई जा रही हैं, विभिन्न जाति वर्गों ब्राह्मण, OBC और दलित के नामों पर चर्चा हो रही है। सूत्रों की माने तो इस बार बीजेपी का प्रदेश अध्यक्ष के रूप में किसी OBC नेता को चुन सकती है। इसको लेकर 90 प्रतिशत तक संभावनाएं जताई जा रही हैं जबकि 10% संभावना दलित उम्मीदवार की है।

ब्राह्मण अध्यक्ष चुनकर भी विपक्ष को चौंका सकती है बीजेपी

हालांकि कुछ लोगों का कहना है कि भाजपा का केंद्रीय नेतृत्व विपक्ष को चौंकाने के लिए एक ब्राह्मण अध्यक्ष चुन सकता है। बीजेपी सूत्रों की माने तो इस दौड़ में पूर्व उपमुख्यमंत्री दिनेश शर्मा और बस्ती से पूर्व सांसद हरीश द्विवेदी का नाम आगे चल रहा है। जिससे पार्टी की अप्रत्याशित नियुक्तियों की परंपरा जारी रहेगी। मौजूदा अध्यक्ष भूपेंद्र चौधरी भी ओबीसी हैं, लेकिन उनकी जातिगत प्रमुख भूमिका ने भाजपा को उत्तर प्रदेश में ज्यादा लोकसभा सीटें जीतने में मदद नहीं की।

वहीं अगर कोई दलित उत्तर प्रदेश भाजपा प्रमुख बनता है, तो दलित प्रमुख की नियुक्ति से दलित मतदाताओं, खासकर पासी वर्ग को बनाए रखने में मदद मिल सकती है, जो लोकसभा चुनावों के दौरान अलग हो गए थे। साथ ही 2027 के विधानसभा चुनावों में दलित मतदाताओं को लुभाने के लिए ये कदम उठाया जा सकता है।

उत्तर प्रदेश में गरमा रही ब्राह्मण राजनीति

वहीं उत्तर प्रदेश में पीडीए के विरोध के बीच, ब्राह्मण राजनीति का बोलबाला नजर आ रहा है। कुछ ही दिनों पहले उत्तर प्रदेश विधानसभा में वरिष्ठ सपा नेता और पूर्व मंत्री माता प्रसाद पांडे द्वारा सांसद पर ब्राह्मण समुदाय का अपमान करने का आरोप लगाने के बाद ये स्थिति बनी है। पांडे, जो एक ब्राह्मण हैं, इस घटना को लेकर राजनीति करते नजर आ रहे हैं।

बता दें कि उत्तर प्रदेश की महिला एवं बाल कल्याण मंत्री प्रतिभा सिंह ने 22 जुलाई को अकबरपुर थाने में धरना दिया। इस दौरान उन्होंने पुलिस पर ब्राह्मणों को निशाना बनाने का आरोप लगाया। मौके पर मौजूद पूर्व सांसद अनिल शुक्ला वारसी ने आरोप लगाया कि ब्राह्मणों को गलत तरीके से निशाना बनाया जा रहा है। उन्होंने यहां तक कि डिप्टी सीएम को भी फोन किया।

माता प्रसाद पांडे ने कहा कि पार्टी को उत्तर प्रदेश में किसी ब्राह्मण चेहरे को प्रमुख पद पर बिठाकर विपक्षी दल के आरोपों को बेअसर करने के लिए एक बड़ा कदम उठाना चाहिए।

साभार सहित

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *