लखनऊ। समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष और पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने हमीरपुर की जर्जर सड़कों को लेकर भारतीय जनता पार्टी पर तीखा तंज कसा है। अखिलेश यादव ने एक समाचार पत्र की कटिंग साझा करते हुए कहा कि भाजपा चांद पर जाने की बात बाद में करे, पहले उत्तर प्रदेश के गांवों को बुनियादी सड़क सुविधाएं उपलब्ध कराए।
अखिलेश यादव ने कहा कि माननीय भाजपाइयों को चाहिए कि वे हमीरपुर के छानी, गऊघाट और मजरा परसदवा डेरा क्षेत्र के चांद की सतह जैसे ऊबड़-खाबड़ कच्चे रास्तों को पक्की सड़क में बदलकर छानी–भुलसी संपर्क मार्ग से जोड़ें। ऐसा करने से ग्रामवासियों पर बड़ी कृपा होगी। उन्होंने कहा कि जिस अखबार की कटिंग साझा की गई है, उसमें भारत के अंतरिक्ष यात्रियों को चांद पर भेजने की चर्चा है, लेकिन जमीनी हकीकत यह है कि प्रदेश के कई गांव आज भी बुनियादी सुविधाओं से वंचित हैं।
इससे पहले भी अखिलेश यादव ने असिस्टेंट प्रोफेसर भर्ती परीक्षा रद्द होने को लेकर योगी सरकार पर निशाना साधा था। उन्होंने कहा कि सिर्फ परीक्षाएं रद्द करने से कुछ नहीं होगा। यदि वही लोग दोबारा परीक्षा कराएंगे, तो धांधली फिर होगी। उन्होंने आरोप लगाया कि डबल इंजन की सरकार में अभ्यर्थी दोबारा, यानी डबल तरीके से ठगे जाएंगे।
अखिलेश यादव ने कहा कि भाजपा सरकार को यह नाटक बंद कर स्वीकार करना चाहिए कि वह युवाओं को साल-दर-साल अलग-अलग बहानों से उलझाए रखती है—कभी पेपर लीक, कभी कॉपी बदलने, कभी आरक्षण की चोरी, कभी डबल पारी घोटाले, कभी नॉर्मलाइजेशन और कभी कोर्ट-कचहरी के नाम पर—लेकिन किसी भी भर्ती प्रक्रिया को पूरा नहीं करती। उन्होंने आरोप लगाया कि यह सब नौकरी न देने की भाजपाई साजिश का हिस्सा है, क्योंकि रोजगार भाजपा के एजेंडे में है ही नहीं।
सपा मुखिया ने कहा कि सच यह है कि भाजपा आरक्षण का विरोध करते-करते अब नौकरियों की भी विरोधी बन गई है, जिसका नुकसान हर वर्ग को उठाना पड़ रहा है। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि जो लोग उत्तर प्रदेश में नौकरियों की बरसात होने का दावा करते हैं, उन्होंने प्रदेश को नौकरी के दलदल में बदल दिया है, जहां से युवा बाहर ही नहीं निकल पा रहे।
अखिलेश यादव ने कहा कि आगामी चुनावों में नौकरी चाहने वाला हर वर्ग भाजपा के खिलाफ वोट करेगा। उन्होंने दावा किया कि युवाओं का सबसे बड़ा वर्ग, जिसे भाजपा अपना पक्का वोट बैंक समझकर उपेक्षित करती रही है, वही सबसे ज्यादा प्रतिशत में उसके खिलाफ मतदान करेगा। उन्होंने आह्वान किया कि अगर अपना भविष्य बदलना है तो सरकार बदलनी होगी—भाजपा जाएगी, तभी नौकरी आएगी।
