Agra News: मलेरिया रोग को नियंत्रित करने के लिए जन-समुदाय की सहभागिता आवश्यक- सीएमओ

स्थानीय समाचार

आगरा: एंटी मलेरिया माह के तहत शहरी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र शाहगंज फर्स्ट में आशा कलस्टर बैठक में आशा कार्यकर्ताओं का ओरिएंटेशन किया गया। इस दौरान, आशा कार्यकर्ताओं को मलेरिया रोग के लक्षणों, निवारण के तरीकों, और रोग नियंत्रण के सम्बन्ध में जानकारी दी गई। साथ ही, गुलाब नगर, नराइच, लॉयर्स कॉलोनी में एंबेड परियोजना के बीसीसीएफ और स्वास्थ्य विभाग की टीम ने साथ मिलकर हाउस टू हाउस लार्वा सर्वे किया।

जिला मलेरिया अधिकारी राजेश गुप्ता के द्वारा लॉयर्स कॉलोनी में एंबेड परियोजना के बीसीसीएफ और स्वास्थ्य विभाग की टीम के द्वारा किए जा रहे हाउस टू हाउस लार्वा सर्वे का संयोगात्मक पर्यवेक्षक किया। सर्वे के दौरान एंटी लार्वा स्प्रे किया गया, मलेरिया के लार्वा को नष्ट करने के लिए आवश्यक कदम उठाए गए। जिला मलेरिया अधिकारी लोगो को मलेरिया की मलेरिया की रोकथाम और बचाव के बारे में जागरूक भी किया। बीसीसीएफ सोनिया ने मच्छर जनित बीमारियों के बारे में जानकारी दी साथ ही सोर्स रिडक्शन का कार्य भी किया ।

शाहगंज फर्स्ट में आयोजित आशा कलस्टर बैठक को संबोधित करते हुए सहायक मलेरिया अधिकारी नीरज कुमार द्वारा बताया गया कि एंटी मलेरिया माह के दौरान सभी बुखार वाले मरीजों की मलेरिया की जांच करना अनिवार्य है । सभी आशा कार्यकर्ताओं को मलेरिया रोग के लक्षणों, निवारण के तरीकों, और रोग नियंत्रण की भी जानकारी दी गई । एंबेड परियोजना के सिटी कॉर्डिनेटर मोहम्मद इरशाद खान ने बैठक में आरडीटी परीक्षण से मलेरिया की रोकथाम, एंटी मलेरिया माह में मलेरिया रोग के प्रति जागरूकता बढ़ाने, आरडीटी परीक्षण के माध्यम से मलेरिया के लक्षणों की पहचान के बारे में जानकारी दी ताकि वे मलेरिया के लक्षणों की पहचान कर सकें और इसके निवारण के लिए आवश्यक कदम उठा सकें।

शहरी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र शाहगंज फर्स्ट के प्रभारी चिकित्सा अधिकारी डॉ. राहुल द्वारा बैठक में उपस्थित समस्त आशा कार्यकर्ताओं और एएनएम को बताया गया कि अपने कार्य क्षेत्र में बुखार के सभी मरीजों की मलेरिया आरडीटी के माध्यम से जांच अवश्य करें। यूएचएसएनडी सत्र पर आने वाली सभी गर्भवती की मलेरिया की जांच अवश्य करें l गर्भावस्था के दौरान गर्भवती की एक बार मलेरिया जांच अवश्य करें।

मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. अरुण श्रीवास्तव ने बताया कि मलेरिया रोग उन्मूलन कार्यक्रम को गतिवान किये जाने के लिए प्रत्येक वर्ष 1 से 30 जून तक एंटी मलेरिया माह का आयोजन किया जाता है। इस वर्ष भी एंटी मलेरिया माह के तहत जिलेभर में एक जून से समुदाय स्तर पर लोगों को मलेरिया रोग से बचाव और मलेरिया रोग नियंत्रण के सम्बन्ध में जागरुकता उत्पन्न किया जाने के लिए रोग नियंत्रण गतिविधियों को शुरू की जा चुकी है।

उन्होंने बताया कि मलेरिया रोग को नियंत्रित करने के लिए जन-समुदाय की सहभागिता आवश्यक है। उन्होंने कहा कि मलेरिया रोग की पहचान और उपचार के लिए आशा, एएनएम, और सीएचओ को प्रशिक्षण भी दिया गया है ।

मलेरिया के लक्षण—

• बुखार
• ठंड लगना
• सिरदर्द
• मांसपेशियों में दर्द
• थकान
• उल्टी

मलेरिया से बचाव के उपाय—

– मच्छरदानी का उपयोग करें
– मच्छरों को आकर्षित करने वाले वस्त्रों से बचें
– घर के आसपास पानी जमा न होने दें
– मच्छरों को मारने के लिए कीटनाशकों का उपयोग करें
– मलेरिया के लक्षण दिखाई देने पर तुरंत चिकित्सक से संपर्क करें

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *