आगरा। दयालबाग शिक्षण संस्थान (डीईआई) के लिए यह गर्व का क्षण है कि संस्थान के पूर्व एनसीसी कैडेट एवं विज्ञान एवं सामाजिक विज्ञान संकाय के छात्र प्रियांशु चाहर ने प्रतिष्ठित संयुक्त रक्षा सेवा (सीडीएस) परीक्षा उत्तीर्ण कर भारतीय सेना में चयन सुनिश्चित किया है। प्रियांशु मार्च 2026 से ऑफिसर्स ट्रेनिंग अकादमी (ओटीए), चेन्नई में प्रशिक्षण प्राप्त करेंगे। प्रशिक्षण पूर्ण होने के बाद वे भारतीय सेना में लघु सेवा आयोग (एसएससी) के अंतर्गत अधिकारी के रूप में देश सेवा करेंगे।
प्रियांशु चाहर ने सीडीएस परीक्षा में देशभर के 535 सफल अभ्यर्थियों में अखिल भारतीय रैंक 155 प्राप्त कर अपनी मेहनत, अनुशासन और दृढ़ संकल्प का परिचय दिया है। उन्होंने वर्ष 2023 में कॉग्निटिव साइंस में स्नातक की उपाधि प्राप्त की। इसके बाद वर्ष 2024 में एमबीए में प्रवेश लेकर पढ़ाई के साथ-साथ निरंतर तैयारी जारी रखी और अपने लक्ष्य को हासिल किया।
एनसीसी से मिली नेतृत्व और साहस की पहचान
एनसीसी कैडेट के रूप में प्रियांशु ने एडवांस बेसिक पैरा कैंप में भाग लिया और हवाई जहाज से पैराशूट के साथ तीन सफल जंप लगाकर पैराट्रूपर बनने का गौरव प्राप्त किया। यह उपलब्धि एनसीसी कैडेट जीवन में दुर्लभ और अत्यंत सराहनीय मानी जाती है।
उन्होंने एनसीसी के ‘बी’ और ‘सी’ प्रमाणपत्र परीक्षाएं अल्फा ग्रेडिंग के साथ उत्तीर्ण कर अपनी क्षमता और अनुशासन को भी सिद्ध किया।
सैनिक परंपरा से जुड़ा परिवार
प्रियांशु चाहर के पिता सचेंद्र सिंह चाहर पेशे से अधिवक्ता हैं, जबकि माता श्रीमती मिथलेश सिंह चाहर गृहिणी हैं। परिवार में देश सेवा की परंपरा पहले से रही है। उनके नाना और मामा भारतीय सेना में सेवाएं दे चुके हैं, जबकि जीजा वर्तमान में सेना में कार्यरत हैं।
प्रियांशु का चयन न केवल उनकी व्यक्तिगत उपलब्धि है, बल्कि दयालबाग शिक्षण संस्थान और एनसीसी के लिए भी महत्वपूर्ण उपलब्धि मानी जा रही है। यह सफलता युवाओं को अनुशासन, साहस और राष्ट्रसेवा के मार्ग पर आगे बढ़ने की प्रेरणा देती है।
इस उपलब्धि पर दयालबाग शिक्षण संस्थान के निदेशक, कार्यवाहक कुलसचिव, कोषाध्यक्ष, टेक्निकल कॉलेज के कार्यवाहक प्रधानाचार्य, आगरा समूह के ग्रुप कमांडर ब्रिगेडियर एन.एस. चराग (एस.एम.), 1 यूपी वाहिनी के कमान अधिकारी कर्नल अंकुर सुहाग, प्रशासनिक अधिकारी कर्नल दीपक जुयाल एवं एनसीसी अधिकारी/कंपनी कमांडर कैप्टन मनीष कुमार ने प्रियांशु चाहर को बधाई देते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएं दीं।
