—- छह माह से सड़क पर पड़ी निर्माण सामग्री हटेगी, तालाब की सफाई के साथ बाउंड्रीवाल और सौंदर्यीकरण के निर्देश
आगरा। नगर निगम प्रशासन ने वार्ड-70 ताल फिरोज खां की समस्याओं के समाधान के लिए कवायद शुरू कर दी है। नगर आयुक्त संतोष कुमार वैश्य ने आज क्षेत्रीय पार्षद अतुल अवस्थी के साथ शुक्रवार को वार्ड का संयुक्त स्थलीय निरीक्षण किया । निरीक्षण के दौरान गुरुद्वारा मार्ग पर क्षतिग्रस्त और खुले नाले, अव्यवस्थित डलावघर, सड़क पर लंबे समय से पड़ी निर्माण सामग्री, तालाब में जा रहे घरों के गंदे पानी और विभिन्न स्थानों पर खराब पुलिया एवं नालों की समस्याएं सामने आईं। अधिकारियों को मौके पर ही इन समस्याओं के समाधान के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।
निरीक्षण के दौरान गुरुद्वारा मार्ग पर नाला कई स्थानों पर क्षतिग्रस्त मिला, जबकि कुछ जगह नाला खुला हुआ था। प्रभारी मुख्य अभियंता निर्माण अरविंद श्रीवास्तव को नाले का भौतिक निरीक्षण कर क्षतिग्रस्त हिस्सों की जल्द मरम्मत कराने और खुले हिस्से को कवर्ड कराने के निर्देश दिए गए। इससे मार्ग पर जलभराव और दुर्घटना की आशंका को कम किया जा सकेगा।
क्षेत्रीय पार्षद ने बताया कि गुरुद्वारा मार्ग पर डलावघर भी बना हुआ है। वार्ड का कुछ हिस्सा 509 सैन्य क्षेत्र के अंतर्गत आता है, लिहाजा मार्ग की संवेदनशीलता को देखते हुए डलावघर को व्यवस्थित रखने के निर्देश दिए गए। नगर स्वास्थ्य अधिकारी डॉ संजीव वर्मा को डलावघर की नियमित सफाई कराने और यह सुनिश्चित करने को कहा गया कि कूड़ा सड़क अथवा आसपास के क्षेत्र में न फैलने पाए।
—- छह माह से पड़ी निर्माण सामग्री हटाने के आदेश
निरीक्षण में यह भी सामने आया कि नगर निगम के निर्माण कार्य के बाद जीएसबी और अन्य निर्माण सामग्री करीब छह माह से सड़क पर पड़ी हुई है। इसके कारण स्थानीय निवासियों और राहगीरों को आवागमन में परेशानी हो रही है। नगर निगम अधिकारियों को निर्देश दिए गए कि वार्ड-70 ही नहीं, बल्कि शहर के ऐसे सभी मार्गों को चिन्हित किया जाए, जहां निर्माण सामग्री के कारण रास्ता बाधित हो रहा है। सामग्री को व्यवस्थित तरीके से रखने की व्यवस्था सुनिश्चित करने को कहा गया।
—- तालाब में पहुंच रहा घरों का पानी
वार्ड के प्राचीन ताल फिरोज खां का भी निरीक्षण किया गया। तालाब के आसपास बने मकानों की जलनिकासी की उचित व्यवस्था नहीं होने के कारण घरों का पानी तालाब में पहुंच रहा है। इससे तालाब की स्वच्छता प्रभावित होने के साथ जलभराव की समस्या भी बनी हुई है। मुख्य अभियंता निर्माण को तालाब के आसपास जलनिकासी के लिए नाला निर्माण की संभावनाओं का स्थलीय निरीक्षण करने तथा स्टीमेट तैयार कर आवश्यक प्रक्रिया पूरी करने के निर्देश दिए गए।
नगर स्वास्थ्य अधिकारी को तालाब की तत्काल सफाई कराने के निर्देश दिए गए। इसके साथ ही तालाब के सौंदर्यीकरण की दिशा में भी काम कराने को कहा। तालाब के चारों ओर बाउंड्रीवाल निर्माण की जरूरत पर भी कार्रवाई करने को कहा गया है।
—- नजूल भूमि का होगा सीमांकन, अतिक्रमण पर चलेगा अभियान
तालाब के निकट नजूल भूमि की स्थिति का भी संज्ञान लिया गया। राजस्व निरीक्षक संपत्ति को मौके पर जाकर भूमि का निरीक्षण करने, नक्शे पर सीमांकन करने और रिपोर्ट तैयार कर नगर आयुक्त कार्यालय को उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए। वहीं प्रभारी अतिक्रमण को क्षेत्रीय पार्षद से समन्वय स्थापित कर वार्ड में अतिक्रमण अभियान चलाने को कहा गया है।
—- इन कार्यों पर भी अधिकारियों की नजर
निरीक्षण के दौरान वार्ड की अन्य समस्याओं पर भी चर्चा हुई। नरोत्तम कुंज नाले की पुलिया की मरम्मत कर प्रीकास्ट स्लैब लगाने, मधुनगर चौराहे की क्रास पाइप लाइन की मरम्मत कराने, गोपालपुरा मोड़ तक नाले के क्षतिग्रस्त प्रीकास्ट स्लैब बदलने तथा ताल के पिछले हिस्से में गली निर्माण कराने के निर्देश दिए गए।
इसके अलावा मधुनगर पानी की टंकी के सामने, फूलबाग और हस्तिनापुरी में पुलिया निर्माण की जरूरत को भी संज्ञान में लिया गया। संबंधित अधिकारियों को सभी स्थानों का स्थलीय निरीक्षण कर आवश्यकतानुसार कार्य कराने के निर्देश दिए गए।
नगर आयुक्त द्वारा दिए गए निर्देशों पर तेजी से कार्रवाई करने को कहा है। संबंधित अधिकारियों को तीन दिन के भीतर की गई कार्रवाई की रिपोर्ट नगर आयुक्त कार्यालय को उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए हैं, ताकि कार्यों की प्रगति की समीक्षा की जा सके। निरीक्षण के दौरान सहायक नगरआयुक्त श्रद्धा पांडेय,एस एफआई लक्की शर्मा भी उपस्थित थे।


