लखनऊ। मध्य प्रदेश के इंदौर में गंदा पानी पीने से हुई मौतों का मामला अभी पूरी तरह सुलझा भी नहीं था कि गुजरात की राजधानी गांधीनगर में दूषित पेयजल से सैकड़ों लोगों के बीमार होने की खबरें सामने आ गईं। इस पर विपक्ष ने सरकार को घेरना शुरू कर दिया है। समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने भारतीय जनता पार्टी पर तीखा हमला बोला है।
अखिलेश यादव ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर पोस्ट करते हुए कहा कि भाजपा के ‘ट्रिपल इंजन’ मॉडल की हकीकत इंदौर के बाद अब गांधीनगर में भी सामने आ गई है, जहां पीने के दूषित पानी से सैकड़ों लोग बीमार पड़ गए। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा नगर पालिका तक संभालने में सक्षम नहीं है, तो प्रदेश और देश का संचालन कैसे करेगी।
सपा अध्यक्ष ने अपने बयान में कहा कि भाजपा जैसा भ्रष्टाचार पहले कभी नहीं देखा गया। “पानी से छल वही कर सकता है, जिसकी आंखों का पानी भ्रष्टाचार की वजह से मर चुका हो,” उन्होंने लिखा। अखिलेश यादव ने उत्तर प्रदेश का हवाला देते हुए कहा कि यहां भी भ्रष्टाचार के बोझ से पानी की टंकियों के गिरने की घटनाएं लगातार सामने आती रही हैं।
उन्होंने यह भी कहा कि जहां पहले ‘जल से जीवन है’ का नारा दिया जाता था, वहीं अब जनता के बीच ‘जल से जीवन को खतरा है’ की भावना प्रचलित हो गई है। इंदौर में पुरानी बस्ती का बहाना बनाया जा रहा है, जबकि गांधीनगर में स्मार्ट सिटी योजना के तहत नई पाइपलाइन बिछाई गई हैं—ऐसे में अब क्या तर्क दिया जाएगा?
अंत में अखिलेश यादव ने कहा कि अगर यही ‘गुजरात मॉडल’ है, तो जनता को न भाजपा चाहिए और न ही उसका विकास मॉडल। “भाजपा जाए तो जीवन बचे,” कहते हुए उन्होंने केंद्र और राज्य सरकारों से पेयजल की गुणवत्ता सुनिश्चित करने की मांग की।
