संसद में मैराथन बहस के बाद पास हुआ ‘विकसित भारत–जी राम जी बिल’, विपक्ष का बहिर्गमन

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नई दिल्ली। संसद ने गुरुवार देर रात विपक्ष के विरोध और हंगामे के बीच ‘विकसित भारत–जी राम जी विधेयक, 2025’ को मंजूरी दे दी। पहले लोकसभा और फिर रात में राज्यसभा से विधेयक के पारित होने के साथ ही इसे संसद की औपचारिक स्वीकृति मिल गई। हालांकि, विधेयक के नाम और प्रावधानों को लेकर विपक्षी दलों ने सदन के भीतर और बाहर जमकर प्रदर्शन किया।

राज्यसभा में ग्रामीण विकास मंत्री शिवराज सिंह चौहान के जवाब के बाद विधेयक को ध्वनिमत से पारित कर दिया गया। विपक्ष की ओर से लाए गए सभी संशोधन प्रस्तावों को सदन ने खारिज कर दिया। इस विधेयक पर उच्च सदन में छह घंटे से अधिक समय तक चर्चा चली।

ग्रामीण विकास मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने विपक्ष के आरोपों को सिरे से खारिज करते हुए कहा कि मोदी सरकार महात्मा गांधी के आदर्शों को धरातल पर उतारने का काम कर रही है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस ने केवल नाम का इस्तेमाल किया, जबकि मौजूदा सरकार ने गांधी के विचारों को व्यवहार में लागू किया है। चौहान ने मनरेगा की जगह नया विधेयक लाने और उसमें महात्मा गांधी का नाम हटाने के आरोपों को राजनीति से प्रेरित बताया।

चर्चा के दौरान विपक्षी सांसदों ने आसन के समक्ष नारेबाजी की, जिस पर सभापति सी.पी. राधाकृष्णन ने उन्हें कई बार टोका। बाद में कांग्रेस सहित विपक्षी दलों के सांसद सदन से बहिर्गमन कर गए। विधेयक के पारित होने के बाद विपक्षी दल संसद परिसर में संविधान सदन के बाहर धरने पर बैठ गए।

शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि मनरेगा सहित पूर्ववर्ती योजनाओं में कई खामियां थीं और भ्रष्टाचार के आरोप भी लगे। उन्होंने यूपीए और एनडीए सरकारों के कार्यकाल की तुलना करते हुए कहा कि मोदी सरकार के समय श्रम दिवसों और महिलाओं की भागीदारी में उल्लेखनीय वृद्धि हुई है। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस सरकारों के दौरान इस योजना को भ्रष्टाचार के हवाले कर दिया गया था।

ग्रामीण विकास मंत्री ने दावा किया कि नया कानून अधिक पारदर्शी होगा और इसका उद्देश्य विकसित गांवों की बुनियाद पर विकसित भारत का निर्माण करना है। उन्होंने कहा कि इस योजना के तहत रोजगार, शिक्षा, स्वच्छता, स्वास्थ्य, पेयजल, सड़क और बिजली जैसी बुनियादी सुविधाओं को मजबूत किया जाएगा। इसके साथ ही अनुसूचित जाति, जनजाति, पिछड़े वर्गों और दिव्यांगों के लिए विशेष प्रावधान किए गए हैं।

चौहान ने यह भी कहा कि मोदी सरकार ने इस योजना के बजट में लगातार बढ़ोतरी की है और इसका लाभ सीधे गरीबों और ग्रामीणों तक पहुंचाने का संकल्प लिया गया है। उन्होंने विश्वास जताया कि ‘विकसित भारत–जी राम जी विधेयक, 2025’ देश के ग्रामीण विकास की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम साबित होगा।

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