आगरा। आस्था तो आस्था होती है। एक गरीब रिक्शा चलाने वाले ने दुर्गा मां से जो मांगा, वह उसे मिल गया। फिर क्या था उसकी आस्था जाग गयी। उसने देवी की प्रतिमा पर आकर माला ही नही पहनायी बल्कि जयकारे भी लगाये। ईद और नवरात्रि पर सदभावना का प्रदर्शन किया। यह वाकया है आज शनिवार को सुबह का। स्थान केवी नगर, खेरिया मोड़ आगरा है।
नवदुर्गा शुरू होेने के समय केवी नगर में भाजपा कार्यकर्ता पंकज शर्मा, विशाल शर्मा आदि के द्वारा देवी की प्रतिमा स्थापित की गयी। स्थापना से पहले क्षेत्र की महिला-पुरुषों द्वारा प्रभात फेरी निकाली गयी। इस फेरी को निकालने के समय एक रिक्शा चालक को बुलाया गया। उसका भाड़ा भी तय किया गया था। जब रिक्शा चालक मोहम्मद इमरान खान निवासी सराय ख्वाजा रिक्शे में रखकर देवी की प्रतिमा को ले जा रहा था।उस समय महिलाएं देवी के गीत गा रही थीं। तभी इस गरीब ने मन में ही एक मन्नत देवी मां से मांग ली। देवी मां ने इसकी मुराद भी पूरी कर दी। इससे वह बेहद खुश हो गया।
अब उसके मन में आया कि जहां मूर्ति स्थापित की गयी है। वहां जाकर मैं माला चढ़ाऊंगा देवी मां पर। वह आज सुबह आया । अपने साथ एक और आदमी को लाया। हाथ में माला लिये जब वह आ रहा था तो पंकज शर्मा और उनकी माताजी श्रीमती मालती देवी -पिताजी सुभाष शर्मा, श्रीमती प्रित,श्रीमती लता चाहर , श्रीमती शशि अग्रवाल तथा अन्यभक्त गण संशय में पड़ गये कि यह व्यक्ति कैसे देवी मां के पंडाल में चला आ रहा है। उसके हाथ में काले रंग की थैली थी। जिससे पता नहीं चल सका कि वह क्या लाया है। इसके पश्चात उसने पंडाल में मौजूद भक्तगणों से प्रार्थना की कि वह देवी मां को माल्यार्पण करना चाहता है। कारण पूछा तो उसने बताया कि मैं दो दिन पहले रिक्शे में दुर्गा मां की प्रतिमा को लाया था। मैंने जो मन्नत मांगी थी, वह पूरी हो गयी है। इसलिये देवी मां के प्रति आस्था के रूप में माल्यार्पण करना चाहता हूं। उसने माल्यार्पण के पश्चात देवी मां के जयकारे भी लगाये। इसका वहां मौजूद लोगों ने वीडियो भी बनाया।
इमरान की आस्था को लेकर क्षेत्र में आज खूब चर्चा रही। जिसमें लोगों का कहना था कि देवी मां जिस पर कृपा करती हैं तो वे जाति और धर्म नहीं देखतीं।


