—– बड़े देनदारों के नाम बोर्ड लगाकर किये जाएंगे सार्वजनिक
—- 125 करोड़ के राजस्व वसूली लक्ष्य हासिल करने को नगर निगम का एक्शन प्लान
आगरा। नगर निगम प्रशासन ने राजस्व वसूली को लेकर सख्त रुख अपना लिया है। 125 करोड़ रुपये के वार्षिक राजस्व लक्ष्य को हासिल करने के लिए अब बकायेदारों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाएगी। नगर आयुक्त अंकित खंडेलवाल ने राजस्व कर्मियों को स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि प्रत्येक सप्ताह कम से कम 50 बड़े बकायेदारों की कुर्की की कार्रवाई की जाए तथा उनके बैंक खातों को भी सीज किया जाए।
नगर निगम द्वारा शहर के चारों जोन में बड़े बकायेदारों के नाम सार्वजनिक करने के लिए बोर्ड लगाए जा रहे हैं, ताकि आमजन को जानकारी मिल सके और बकायेदारों पर सामाजिक दबाव भी बने। प्रशासन का मानना है कि इस कदम से स्वैच्छिक भुगतान में तेजी आएगी।
इस संबंध में जानकारी देते हुए प्रभारी कर एवं सहायक नगर आयुक्त श्रद्धा पांडेय ने बताया कि 125 करोड़ रुपये के लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए सभी जोनों को फरवरी तक अलग-अलग लक्ष्य निर्धारित कर दिए गए हैं। ताजगंज जोन को 25 करोड़ 92 लाख 96 हजार 300 रुपये, छत्ता जोन को 26 करोड़ 46 लाख 67 हजार 500 रुपये, हरी पर्वत जोन को 34 करोड़ 21 लाख 22 हजार 400 रुपये तथा चौथे जोन लोहा मंडी को 258913800 समेत 112 करोड 50 लाख कुल रुपये की वसूली का लक्ष्य दिया गया है।
उन्होंने कहा कि सभी राजस्व कर्मियों को निर्धारित लक्ष्य के अनुरूप वसूली सुनिश्चित करनी होगी। कार्य में किसी भी प्रकार की लापरवाही को अक्षम्य माना जाएगा और संबंधित के विरुद्ध कार्रवाई की जाएगी।
नगर आयुक्त रोजाना राजस्व वसूली की प्रगति की समीक्षा कर रहे हैं। जोनवार समीक्षा बैठक में लंबित बकायेदारों की सूची, कुर्की की कार्रवाई और खाते सीज करने की स्थिति पर विशेष जोर दिया जा रहा है।
नगर आयुक्त का वर्जन:
नगर आयुक्त अंकित खंडेलवाल ने कहा कि नगर निगम के विकास कार्यों के लिए राजस्व वसूली अत्यंत आवश्यक है। जिन करदाताओं पर बकाया है, वे स्वेच्छा से भुगतान करें, अन्यथा नियमानुसार कठोर कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने स्पष्ट किया कि लक्ष्य की प्राप्ति तक अभियान निरंतर जारी रहेगा और किसी भी स्तर पर ढिलाई बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
