आगरा। सड़क दुर्घटनाओं को कम करने और वाहन चालकों व आवारा कुत्तों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए नगर निगम ने एक महत्वपूर्ण कदम उठाया है। नगर निगम की ओर से शहरभर में आवारा कुत्तों को रेडियम कोटेड रिफ्लेक्टर नेक कॉलर पहनाने का निर्णय लिया है, जिससे वे रात के अंधेरे में दूर से ही नजर आ सकें और सड़क हादसों से बचा जा सके।
—-कैसे बचेंगे वाहन और कुत्ते—–
रात के समय अक्सर वाहन चालक अचानक सड़क पर आए कुत्तों को देख नहीं पाते, जिससे न केवल कुत्तों की जान खतरे में पड़ती है बल्कि कई बार वाहन चालक संतुलन खोकर खुद भी दुर्घटना का शिकार हो जाते हैं। इस पहल से वाहन चालक दूर से ही कुत्तों को देख सकेंगे और समय रहते अपनी गाड़ी नियंत्रित कर पाएंगे, जिससे दोनों की सुरक्षा संभव होगी।
—–नगर आयुक्त का बयान—
नगर आयुक्त ने बताया कि कई बार वाहन चालक अचानक सड़क पर आए कुत्तों को बचाने के प्रयास में अपना संतुलन खो देते हैं और गाड़ी पलटने या अन्य वाहनों से टकराने जैसी दुर्घटनाएं हो जाती हैं। रिफ्लेक्टर कॉलर से यह समस्या काफी हद तक कम हो जाएगी, क्योंकि रात में कुत्ते स्पष्ट रूप से दिखेंगे और वाहन चालक पहले से सतर्क हो जाएंगे।”
पशु कल्याण अधिकारी डॉ. अजय कुमार सिंह ने इस संबंध में जानकारी देते हुए बताया कि यह अभियान आवारा कुत्तों और वाहन चालकों दोनों के लिए फायदेमंद है। अक्सर कुत्ते रात के समय सड़कों पर सो जाते हैं या अचानक वाहनों के सामने आ जाते हैं, जिससे दुर्घटनाएं होती हैं। रिफ्लेक्टर कॉलर से यह समस्या काफी हद तक कम होगी।
—टीमें बनाई गई——–
नगर निगम की ओर से अभियान को सफल बनाने के लिए टीमें गठित कर दी हैं जो विभिन्न इलाकों में जाकर आवारा कुत्तों को पकड़कर रिफ्लेक्टर कॉलर पहनाएंगी ।
